साहित्य

मैं नारी हूँ

गोविन्द कुमार गुप्ता

मैं नारी हूँ मैं नारी हूँ,
नारी शक्ति की वाहक हूँ,
मैं सृष्टि रचयिता ईश्वर के
संदेशो की संवाहक हूँ,,
है सृष्टि चले हमसे देखो,
है शक्ति मिले हमसे देखो,
माता के आंचल की ममता
आशीष मिले हमसे देखो,
मैं जीवन के हर उस पल की
देखो ऐसी संवाहक हूँ,,

मैं नारी हूँ मैं नारी हूँ ,
नारी शक्ति की वाहक हूँ,,।।

धरती भी रूप ये मेरा है,
इस पर ही रात सवेरा है,
प्रकति ही मेरा यौवन है,
जिस पर ही सबका बसेरा है,
इसको को छेड़े अगर कोई,
मैं खुद में ही फिर दाहक हूँ,,

मैं नारी हूँ मैं नारी हूँ ,
नारी शक्ति की वाहक हूँ
मैं सृष्टि रचयिता ईश्वर के
संदेशो की संवाहक हूँ,,,।।

है सृष्टि नियन्त्रण भाव मेरा,
इस हेतु हुआ अवतार मेरा,
मैं माँ वनकर आई देखो,
औऱ धरती पर सब भार सहा,
परिवार बनाकर रहने को
मैं जीवन की संवाहक हूँ,,

मैं नारी हूँ मैं नारी हूँ,
नारी शक्ति की वाहक हूँ,
मैं सृष्टि रचयिता ईश्वर के
संदेशो की संवाहक हूँ,,,।

गोविन्द कुमार गुप्ता,

मोहम्मदी लखीमपुर खीरी उत्तर प्रदेश 9336560525

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Shiveshwaar Pandey

शिवेश्वर दत्त पाण्डेय | संस्थापक: दि ग्राम टुडे प्रकाशन समूह | 33 वर्षों से पत्रकारिता में सक्रिय | समसामयिक व साहित्यिक विषयों में विशेज्ञता | प्रदेश एवं देश की विभिन्न सामाजिक, साहित्यिक एवं मीडिया संस्थाओं की ओर से गणेश शंकर विद्यार्थी, पत्रकारिता मार्तण्ड, साहित्य सारंग सम्मान, एवं अन्य 200+ विभिन्न संगठनों द्वारा सम्मानित |

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